---Advertisement---

India के सबसे स्वच्छ City में पीने के पानी में सीवेज मिला कम से कम 10 लोगों की मौत का आरोप

By Post
January 4, 2026 12:00 PM
India के सबसे स्वच्छ City में पीने के पानी में सीवेज मिला कम से कम 10 लोगों की मौत
---Advertisement---

India के जिस City को वर्षों से देश का सबसे स्वच्छ शहर कहा जाता है वहीं अब एक गंभीर स्वास्थ्य संकट सामने आया है। पीने के पानी में सीवेज (गंदा नाला पानी) मिलने से कम से कम 10 लोगों की मौत होने का आरोप लगा है जबकि दर्जनों लोग गंभीर रूप से बीमार बताए जा रहे हैं। इस घटना ने नगर प्रशासन और स्वच्छता दावों पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

 

India के सबसे स्वच्छ City में पीने के पानी में सीवेज मिला कम से कम 10 लोगों की मौत: photo by BiharTakk 

 कैसे सामने आई घटना

पिछले कुछ दिनों से शहर के कई इलाकों में लोगों को उल्टी दस्त तेज बुखार और पेट दर्द की शिकायत हो रही थी। शुरुआत में इसे मौसमी बीमारी माना गया था लेकिन जब मौतों का आंकड़ा बढ़ा तो स्वास्थ्य विभाग ने जांच शुरू की। प्राथमिक जांच में यह सामने आया कि पीने के पानी की Paip line में सीवेज लाइन से रिसाव हो गया था।

Water की आपूर्ति पर सवाल

टीम का कहना है कि पुराने और जर्जर पाइपों के कारण सीवेज का गंदा पानी Splai line में मिल गया था। कई इलाकों में लोगों ने पहले ही पानी की बदबू और रंग बदलने की शिकायत की थी लेकिन समय रहते कोई कार्रवाई नहीं की गई।

स्वास्थ्य विभाग अलर्ट पर

घटना के बाद हॉस्पिटल में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। कई मरीजों की हालत नाजुक बताई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित इलाकों में Medikal Camp लगाए हैं और लोगों को उबला हुआ पानी पीने की सलाह दी गई है। साथ ही पानी के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं।

प्रशासन की सफाई

नगर निगम और जिला प्रशासन ने कहा है कि मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं। अधिकारियों का दावा है कि प्रभावित इलाकों में पानी की सप्लाई बंद कर दी गई है और टैंकरों के जरिए स्वच्छ पानी पहुंचाया जा रहा है। प्रशासन ने यह भी कहा कि दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।

स्वच्छता रैंकिंग पर सवाल

यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब शहर को लगातार देश का सबसे साफ शहर घोषित किया जाता रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि सिर्फ सड़कों की सफाई से स्वच्छता पूरी नहीं होती बल्कि सुरक्षित पेयजल और मजबूत सीवेज सिस्टम भी उतना ही जरूरी है।

 जनता में आक्रोश घटना के बाद लोगों में भारी गुस्सा है।

लोगों का आरोप है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद प्रशासन ने लापरवाही बरती, जिसका नतीजा जानलेवा साबित हुआ। इस दर्दनाक घटना ने यह साफ कर दिया है कि स्वच्छता के दावों के साथ-साथ बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक स्थिति पर भी गंभीर ध्यान देना जरूरी है। अब सबकी नजरें जांच रिपोर्ट और प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Leave a Comment

Exit mobile version