भारत में Chandi की कीमतों में जोरदार गिरावट दर्ज की गई है। हाल ही में रिकॉर्ड ऊंचाई छूने के बाद अब चांदी के भाव लगभग ₹14,000 प्रति किलो तक की कमी देखने को मिली है। इस तेज गिरावट ने निवेशकों और market दोनों को चौंका दिया है।

आज का Silver Rate क्या है?
MCX और घरेलू Market में चांदी के दामों में लगातार दबाव बना है। जहां कुछ दिन पहले चांदी ने ऐतिहासिक स्तर छुआ था वहीं अब मुनाफा वसूली और संकेतों के चलते कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है।
गिरावट के पीछे क्या कारण हैं?
चांदी की कीमतों में गिरावट के पीछे कई अहम वजहें हैं: मुनाफा वसूली: रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने के बाद निवेशकों ने जमकर मुनाफा काटा Doller में मजबूती: Doller Endex में तेजी से कीमती धातुओं पर दबाव वैश्विक ब्याज दर संकेत: Americi फेडरल रिजर्व के सख्त रुख से धातुओं पर असर औद्योगिक मांग में सुस्ती: कुछ सेक्टरों में चांदी की मांग में कमी
क्या चांदी का टॉप बन चुका है?
Market का मानना है कि फिलहाल यह कहना जल्दबाजी होगी कि चांदी ने अपना टॉप बना लिया है। लंबी अवधि में ग्रीन एनर्जी सोलर पैनल और Electric व्हीकल्स में चांदी की मांग मजबूत बनी हुई है।
निवेशकों के लिए क्या रणनीति हो?
. शॉर्ट टर्म निवेशकों के लिए सावधानी जरूरी
. लॉन्ग टर्म निवेशक गिरावट को खरीदारी का मौका मान सकते हैं
. Portfolio में संतुलन बनाए रखना जरूरी
एक्सपर्ट्स की राय
कमोडिटी विशेषज्ञों का कहना है कि चांदी की कीमतों में अभी और वोलैटि लिटी देखने को मिल सकती है। हालांकि मजबूत फंडामेंटल्स इसे पूरी तरह कमजोर नहीं होने देंगे।
रिकॉर्ड हाई से करीब ₹14,000 की गिरावट ने चांदी market में हलचल मचा दी है लेकिन इसे लम्बी अवधि की कमजोरी कहना सही नहीं होगा। आने वाले दिनों में वैश्विक संकेत और घरेलू मांग चांदी की दिशा तय करेंगे।
