Bharat और America के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौते को लेकर अहम जानकारी सामने आई है। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने बताया कि दोनों देशों के बीच इस समझौते पर 4 से 5 दिनों के भीतर संयुक्त बयान जारी किया जाएगा जबकि इसका कानूनी ढांचा मार्च के मध्य तक अंतिम रूप ले सकता है।

बातचीत निर्णायक चरण में
Piyush Goyal के अनुसार भारत और अमेरिका के बीच व्यापार से जुड़े कई अहम मुद्दों पर सहमति बन चुकी है। अब दोनों पक्ष समझौते के अंतिम स्वरूप और कानूनी पहलुओं को लेकर तेजी से काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बातचीत सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रही है और जल्द ही ठोस नतीजे सामने आएंगे।
किन क्षेत्रों पर रहा फोकस
इस व्यापार समझौते में बाजार तक पहुंच टैरिफ और गैर टैरिफ बाधाएं सप्लाई चेन सहयोग निवेश और सेवा क्षेत्रmजैसे विषयों पर विशेष ध्यान दिया गया है। सरकार का कहना है कि बातचीत के दौरान भारत के घरेलू उद्योगों और किसानों के हितों को प्राथमिकता दी गई है।
संयुक्त बयान का महत्व
बयान को इस समझौते की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। इससे दोनों देशों के बीच सहमति के प्रमुख बिंदु सार्वजनिक होंगे और आगे की प्रक्रिया को स्पष्ट दिशा मिलेगी।
कानूनी समझौते पर काम जारी
Piyush Goyal ने स्पष्ट किया कि संयुक्त बयान के बाद समझौते को कानूनी रूप देने की प्रक्रिया तेज की जाएगी। सभी औपचारिकताओं के पूरा होने के बाद मार्च के मध्य तक अंतिम कानूनी दस्तावेज तैयार होने की उम्मीद है।
भारत और अमेरिका आर्थिक संबंधों को मिलेगा बल
विशेषज्ञों का मानना है कि यह व्यापार समझौता भारत और अमेरिका आर्थिक साझेदारी को और मजबूत करेगा। इससे व्यापार निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा हो सकते हैं साथ ही भारत की आर्थिक स्थिति को भी मजबूती मिलेगी।
भारत अमेरिका व्यापार समझौते
को लेकर सरकार का रुख स्पष्ट है कि प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है। 4,5 दिनों में संयुक्त बयान और मार्च के मध्य तक कानूनी समझौते की संभावना से यह संकेत मिलता है कि दोनों देश अपने व्यापारिक रिश्तों को नई ऊंचाई पर ले जाने की तैयारी में हैं।